धमतरी बना प्रदेश का पहला जिला, जहाँ PACS के जरिए किसानों को मिलेगी ड्रोन स्प्रेयर सेवा

Jul 24, 2026 - 10:55
 0  3
धमतरी बना प्रदेश का पहला जिला, जहाँ PACS  के जरिए किसानों को मिलेगी ड्रोन स्प्रेयर सेवा

धमतरी-बना-प्रदेश-का-पहला-जिला,-जहाँ-pacs-के-जरिए-किसानों-को-मिलेगी-ड्रोन-स्प्रेयर-सेवा

​रायपुर

सहकारिता मंत्री केदार कश्यप ने खुद उड़ाया ड्रोन

छत्तीसगढ़ के कृषि क्षेत्र को आधुनिक तकनीक से जोड़ने और किसानों को वैज्ञानिक खेती की ओर अग्रसर करने की दिशा में धमतरी जिले ने एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। धमतरी राज्य का पहला ऐसा जिला बन गया है, जहाँ प्राथमिक कृषि साख सहकारी समितियों (PACS) के माध्यम से किसानों को ड्रोन आधारित कृषि सेवाएँ प्रदान की जाएँगी।

धमतरी जिले के 10 चुनिंदा समितियों में ड्रोन स्प्रेयर सुविधा का आधिकारिक शुभारंभ 
   ​
वन, जलवायु परिवर्तन, सहकारिता एवं संसदीय कार्य मंत्री  केदार कश्यप ने ग्राम लोहरसी स्थित प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम के दौरान जिले की 10 चुनिंदा समितियों में ड्रोन स्प्रेयर सुविधा का आधिकारिक शुभारंभ किया। इस दौरान मंत्री  कश्यप ने स्वयं ड्रोन उड़ाकर उसकी कार्यप्रणाली का निरीक्षण किया और किसानों को खेती में आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल करने के लिए प्रेरित किया।

ड्रोन स्प्रेयर से ​उर्वरकों और कीटनाशकों का सटीक छिड़काव 
    ​      
कार्यक्रम में प्रशिक्षित स्थानीय युवाओं ने ड्रोन स्प्रेयर का सफल प्रदर्शन किया। कृषि विशेषज्ञों और किसानों को दिखाया गया कि कैसे यह तकनीक कम समय में अधिक क्षेत्रफल में उर्वरकों और कीटनाशकों का बिल्कुल सटीक छिड़काव कर सकती है। इससे न केवल खेती की लागत घटेगी और श्रम की बचत होगी, बल्कि किसानों को रसायन के सीधे संपर्क से सुरक्षित भी रखा जा सकेगा।

धमतरी को कृषि नवाचारों का मॉडल जिला बनाया 
​    
इस अवसर मंत्री  कश्यप ने कहा कि मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार कृषि में तकनीकी नवाचारों को बढ़ावा दे रही है। सहकारी समितियों के जरिए गाँव-गाँव तक ड्रोन पहुँचाना खेती को अधिक लाभकारी, सुरक्षित और वैज्ञानिक बनाएगा। धमतरी को कृषि नवाचारों का मॉडल जिला बनाया जा रहा है और जल्द ही इस सुविधा का विस्तार राज्य की अन्य समितियों में भी किया जाएगा।

10 समितियों के किसानों को मिलेगा सीधा लाभ
    ​
धमतरी कलेक्टर  अबिनाश मिश्रा ने बताया कि प्रथम चरण में जिले की 10 समितियों को इस सुविधा से जोड़ा गया है। जिसमें ​बोड़रा,​ लोहरसी,​ दोनर,​ अछोटा, ​खरेंगा, ​भोथीडीह,​ कुंडेल,​गाड़ाडीह​, जुगदेही और ​करेली शामिल है। ​इन समितियों के माध्यम से किसान नाममात्र के सेवा शुल्क पर अपने खेतों के लिए ड्रोन छिड़काव सेवाएँ बुक कर सकेंगे।

मल्टी-सर्विस सेंटर के रूप में विकसित होंगी समितियाँ
          
यह पहल केवल कृषि तक सीमित नहीं है। ‘CSC e-Governance Services India Limited’ के सहयोग से इन PACS को कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) के रूप में भी विकसित किया जा रहा है। इससे किसानों को खेती-किसानी के साथ-साथ विभिन्न डिजिटल और शासकीय सेवाएँ भी एक ही छत के नीचे उपलब्ध होंगी।

पर्यावरण सुरक्षा और युवाओं के लिए रोजगार
       ​
ड्रोन तकनीक से फसलों पर रसायनों का संतुलित और लक्षित उपयोग संभव होगा, जिससे पर्यावरण को नुकसान कम पहुँचेगा और फसलों की गुणवत्ता सुधरेगी। साथ ही, ड्रोन संचालन और रखरखाव से ग्रामीण युवाओं के लिए स्वरोजगार और आजीविका के नए द्वार खुलेंगे।
    ​
पौधरोपण और KCC ऋण स्वीकृति पत्रों का वितरण

     ​  
कार्यक्रम के दौरान सहकारिता मंत्री ने समिति परिसर में नवनिर्मित कृषि एवं कीटनाशक विक्रय केंद्र का भी उद्घाटन किया। उन्होंने “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत वृक्षारोपण किया और किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) योजना के हितग्राहियों को ऋण स्वीकृति पत्र प्रदान किए।
       
इस अवसर पर जिला सहकारी बैंक के अध्यक्ष, छत्तीसगढ़ राज्य औषधीय पादप बोर्ड के अध्यक्ष, जिला पंचायत अध्यक्ष, जिला पंचायत सीईओ, डीएफओ सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, सहकारिता एवं कृषि विभाग के अधिकारी और स्थानीय किसान उपस्थित रहे।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0